विशेष

पुलिसवाले के नेक काम को सलाम! टूटे घर में रह रही थी 73 साल की महिला, नया घर बनवाकर दिया गिफ्ट

मनुष्य को अपने जीवन में रोटी, कपड़ा और मकान की जरूरत होती है परंतु आजकल के समय में ऐसे बहुत से लोग हैं जिनके पास इन चीजों की कमी है। गरीबी देश के लिए एक गंभीर समस्या बनी हुई है। एक व्यक्ति जीवन यापन करने के लिए बुनियादी जरूरतों को पूरा करने में असमर्थ होता है। गरीबी के चलते व्यक्ति को अपनी जरूरतों को खत्म करना पड़ता है परंतु ऐसा नहीं है कि गरीबों की सहायता के लिए कोई भी सामने नहीं आया है। दुनिया भर में ऐसे बहुत से नेक दिल इंसान हैं जिन्होंने जरूरतमंद लोगों की सहायता की है। इन लोगों ने जरूरतमंद लोगों की सहायता करके यह साबित कर दिखाया है कि इस दुनिया में इंसानियत अभी बाकी है। आज हम आपको एक ऐसे पुलिस वाले के बारे में जानकारी देने जा रहे हैं जिसने फर्ज से उठकर काम किया है।

आपको बता दें कि तेलंगाना के जनगांव जिले के पलकुर्थी पुलिस स्टेशन के सब-इंस्पेक्टर गंडराठी सतीश ने ऐसा काम किया है जिसके बारे में जानकर आप भी सलाम करेंगे। इस पुलिस वाले ने 73 साल की गरीब महिला के लिए घर बनवाया है। मजबूरी में इस महिला को टूटे हुए घर में रहना पड़ रहा था। इस पुलिस वाले ने इस गरीब महिला के हालात को देखा और इसकी मदद के लिए सामने आया।

बारिश ने घर को कर दिया क्षतिग्रस्त

खबरों के अनुसार ऐसा बताया जा रहा है कि 73 साल की एक महिला जिसका नाम बांदीपल्ली राजम्मा है वह मिट्टी के घर में रहती थी। वर्ष 2020 में अगस्त के महीने में मानसून की तेज बारिश की वजह से इनका मिट्टी का घर पूरी तरह से क्षतिग्रस्त हो गया था। इनका घर लगभग टूटने की कगार पर पहुंच गया था। बातचीत के दौरान बांदीपल्ली राजम्मा ने यह बताया कि वह अपने विकलांग बेटे के साथ मिट्टी की दीवार वाले घर में रह रही थीं। उनके इस घर के दरवाजे भी नहीं थे। बारिश होने की वजह से उनके घर की एक दीवार ढह गई थी। ऐसी बुरी स्थिति में भी उनको मजबूरी में रहना पड़ रहा था।

बांदीपल्ली राजम्मा ने यह बताया कि 4 महीने पहले उनके घर में एक सांप आया और उनकी पोती को काट लिया था जिसकी वजह से उसकी जान चली गई थी। इतना ही नहीं बल्कि बांदीपल्ली राजम्मा की बहू 1 साल पहले की बीमारी के चलते इस दुनिया को छोड़ कर चली गई। ऐसी परिस्थिति में यह मानसिक रूप से काफी टूट गई थीं लेकिन ऐसी स्थिति में भी बांदीपल्ली राजम्मा ने अपने आपको संभाला। इनकी आर्थिक स्थिति इतनी अच्छी नहीं थी कि यह अपने घर का गुजारा चला पाएं, जिसके चलते राजम्मा और उनके बेटे रामुलु बाजार में भीख मांगने लगे।

2 महीने में एक घर तैयार कर नए साल का दिया गिफ्ट

खबरों के अनुसार ऐसा बताया जा रहा है कि जब सब-इंस्पेक्टर गंडराठी सतीश को इस महिला के बारे में जानकारी मिली तो वह उनकी मदद के लिए तुरंत सामने आए। सतीश ने अपनी जेब से ₹80000 खर्च किए। सतीश ने बताया कि जब उन्हें उनकी कठिनाइयों के बारे में पता लगा तो उन्होंने गांव में उनके लिए एक घर बनाने का फैसला कर लिया। सतीश ने 2 महीने में लक्ष्मीनारायणपुरम गांव में घर बनवा कर तैयार किया और मां-बेटे को नए साल पर नया घर गिफ्ट किया।

Show More

Related Articles

Back to top button